'देखो बेटी, छोटे-छोटे बच्चे हैं, अब उनका आधार तुम ही हो', अंतिम सांस लेते हुए मां ने बेटी से कहा, 19 साल की खुशबू के कंधों पर भाई-बहन की जिम्मेदारी
दुनिया
'देखो बेटी, छोटे-छोटे बच्चे हैं, अब उनका आधार तुम ही हो', अंतिम सांस लेते हुए मां ने बेटी से कहा, 19 साल की खुशबू के कंधों पर भाई-बहन की जिम्मेदारी
16 सितंबर 2026 को 08:09 am बजे

बलिया में माता-पिता को खोने के बाद 19 वर्षीय खुशबू पर नाबालिग भाई-बहनों की जिम्मेदारी आई. वह मजदूरी कर परिवार पाल रही है और सरकारी मदद की गुहार लगा रही है. मां की अर्थी को चारों भाई-बहनों ने कंधा दिया था. उस दिन खुशबू की दुनिया जैसे खत्म हो गई थी. लेकिन उसी पल खुशबू को उनकी मां की कही एक बात याद आई कि, तुम बड़ी बेटी हो, घर में अब तुमसे कोई बड़ा नहीं है. मेरे जाने के बाद अपने छोटे भाई-बहनों को तुम्हें ही संभालना है. बस, यही बात खुशबू की टूटती हुई हिम्मत का सहारा बन गई और आज 19 साल की यह बेटी अपने 14 साल के भाई और बहनों के लिए मां-बाप दोनों बन गई है.
शेयर करें
📌 संबंधित खबरें
हिंदी खबर नेटवर्क पर पढ़ें ताज़ा हिंदी समाचार।
टिप्पणियाँ
एक टिप्पणी भेजें