e-NAM के जरिए UP के किसानों को कैसे मिल रहा फसल का सही दाम
e-NAM के जरिए UP के किसानों को कैसे मिल रहा फसल का सही दाम

e-NAM यानी इलेक्ट्रॉनिक नेशनल एग्रीकल्चर मार्केट, केंद्र सरकार का एक ऑनलाइन ट्रेडिंग प्लेटफॉर्म है, जिसे 14 अप्रैल 2016 को शुरू किया गया था. यह प्लेटफॉर्म देशभर की मौजूदा कृषि मंडियों (APMC मंडियों) को आपस में डिजिटल रूप से जोड़ता है, ताकि किसान अपनी उपज को सिर्फ अपने नजदीकी मंडी तक सीमित न रखें, बल्कि पूरे देश के खरीदारों तक ऑनलाइन नीलामी के जरिए पहुंचा सकें. इससे दाम मिलने की प्रक्रिया ज्यादा पारदर्शी होती है और बिचौलियों की भूमिका कम होती है.
किसानों की रजिस्ट्रेशन संख्या के मामले में उत्तर प्रदेश देश में सबसे आगे है:
मंडियों के आधुनिकीकरण और e-NAM विस्तार का नया फैसला
31 जुलाई 2026 को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में उत्तर प्रदेश राज्य कृषि उत्पादन मंडी परिषद की 172वीं बोर्ड बैठक हुई, जिसमें वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए ₹3,025.49 करोड़ के बजट को मंजूरी दी गई.
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